Big news for ration card holders: भारत सरकार ने 21 जनवरी 2025 से एक महत्वाकांक्षी राशन योजना की शुरुआत की है, जो देश के गरीब और जरूरतमंद परिवारों के जीवन में महत्वपूर्ण बदलाव लाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। यह योजना राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत लगभग 80 करोड़ लोगों को लाभान्वित करेगी और 31 दिसंबर 2028 तक चलेगी।
इस नई योजना में प्रत्येक पात्र परिवार को प्रति माह 2,100 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। यह राशि मुफ्त राशन के अतिरिक्त होगी, जिससे परिवारों को दोहरा लाभ मिलेगा। सरकार ने इस योजना के लिए लगभग 12 लाख करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया है।
राशन कार्ड की श्रेणियां और लाभ
योजना में तीन प्रकार के राशन कार्ड धारकों को शामिल किया गया है। अंत्योदय अन्न योजना (एएवाई) कार्ड धारक, जो सबसे गरीब परिवारों के लिए है, उन्हें प्रति माह 35 किलो खाद्यान्न मिलेगा। इसमें 18 किलो चावल और 17 किलो गेहूं शामिल है।
प्राथमिकता वाले परिवार श्रेणी
प्राथमिकता वाले परिवार (पीएचएच) कार्ड धारकों को प्रति व्यक्ति 5 किलो खाद्यान्न मिलेगा, जिसमें 2.5 किलो चावल और 2 किलो गेहूं शामिल है। इन परिवारों को भी 2,100 रुपये की मासिक आर्थिक सहायता मिलेगी।
गैर-प्राथमिकता वाले परिवारों के लिए प्रावधान
गैर-प्राथमिकता वाले परिवार (एनपीएचएच) कार्ड धारकों के लिए राशन की मात्रा और आर्थिक सहायता राज्य सरकारों द्वारा निर्धारित की जाएगी। यह व्यवस्था राज्यों को स्थानीय आवश्यकताओं के अनुसार योजना को लागू करने की स्वतंत्रता देती है।
आवेदन प्रक्रिया का सरलीकरण
योजना में शामिल होने के लिए आवेदन प्रक्रिया को सरल बनाया गया है। आवेदक राज्य के खाद्य और नागरिक आपूर्ति विभाग की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए आधार कार्ड, राशन कार्ड, बैंक पासबुक और पते का प्रमाण जैसे आवश्यक दस्तावेज की आवश्यकता होगी।
ई-केवाईसी की अनिवार्यता
योजना में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी लाभार्थियों को ई-केवाईसी पूरा करना होगा। यह व्यवस्था योजना में धोखाधड़ी को रोकने और वास्तविक लाभार्थियों तक लाभ पहुंचाने में मदद करेगी।
राज्यों की भूमिका और जिम्मेदारियां
राज्य सरकारों को योजना के क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभानी है। उन्हें लाभार्थियों की पहचान, राशन का वितरण और आर्थिक सहायता के वितरण की निगरानी करनी होगी। साथ ही, वे शिकायतों के निवारण की व्यवस्था भी करेंगी।
डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग
योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए एक समर्पित डिजिटल प्लेटफॉर्म का विकास किया गया है। यह प्लेटफॉर्म लाभार्थियों की पहचान, राशन का वितरण और आर्थिक सहायता के भुगतान को सुविधाजनक बनाएगा।
योजना का सामाजिक प्रभाव
यह योजना न केवल गरीब परिवारों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करेगी, बल्कि उनके जीवन स्तर में भी सुधार लाएगी। मासिक आर्थिक सहायता और मुफ्त राशन से परिवारों को अपनी बुनियादी जरूरतें पूरी करने में मदद मिलेगी।
राशन कार्ड नई योजना 2025 भारत सरकार की एक महत्वाकांक्षी पहल है, जो गरीबी उन्मूलन और खाद्य सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह योजना करोड़ों भारतीय परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने की क्षमता रखती है। सफल क्रियान्वयन के लिए सरकार, प्रशासन और लाभार्थियों के बीच समन्वय आवश्यक होगा।